गीता प्रेस गोरखपुर को मिलेगा ‘गांधी शांति पुरस्कार’, पीएम ने दी बधाई

टेन न्यूज नेटवर्क

नई दिल्ली (19 जून 2023): प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली जूरी ने निर्णय लिया है, कि गीता प्रेस गोरखपुर को वर्ष 2021 का गांधी शांति पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। इसकी घोषणा के बाद से ही कई सवाल उठने लगे हैं और विवाद हो गया है। किसी को सरकार का यह कदम सराहनीय लग रहा है तो कोई इसका विरोध कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शताब्दी वर्ष मना रहे गीता प्रेस को बधाई दी है। उन्होंने ट्वीट कर कहा है कि दुनिया के सबसे बड़े प्रकाशकों में से एक प्रकाशक गीता प्रेस गोरखपुर ने पिछले 100 वर्षों में “सराहनीय कार्य” किया है। “मैं गीता प्रेस को गांधी शांति पुरस्कार 2021 से सम्मानित किए जाने पर बधाई देता हूं। उन्होंने लिखा है कि लोगों के बीच सामाजिक और सांस्कृतिक परिवर्तन को आगे बढ़ाने की दिशा में पिछले 100 वर्षों में इसने सराहनीय काम किया है।

कांग्रेस नेता जयराम रमेश के ट्वीट ने इस आग में घी का काम किया है। उन्होंने गीता प्रेस गोरखपुर को पुरस्कार देने की तुलना गोडसे को सम्मानित करने से कर दिया। जयराम के इस ट्वीट के बाद उनके ही पार्टी के लोग उनसे नाराज हैं।

गांधी शांति पुरस्कार से सम्मानित संस्था या व्यक्ति को एक करोड़ की राशि भी दी जाती है। गीता प्रेस अपनी परंपरा के मुताबिक, किसी भी सम्मान को स्वीकार नहीं करता है। हालांकि, बोर्ड मीटिंग में तय हुआ है कि परंपरा को तोड़ते हुए पुरस्कार स्वीकार किया जाएगा, लेकिन इसके साथ मिलने वाली धनराशि नहीं ली जाएगी।।