Daily Archive: November 12, 2017

जीएसटी काउंसिल के फैसले से ऑटो पार्ट्स व् यापारी निराश

" जीएसटी काउंसिल के फैसले से ऑटो पार्ट्स व्यापारी निराश "

जीएसटी काउंसिल की शुक्रवार को हुई बैठक में कई चीजों पर जीएसटी की दरों को 28% से घटाकर 18 % कर दिया गया लेकिन ऑटो पार्ट्स सेक्टर को अभी भी 28% के लक्जरी स्लैब में रखे जाने से ऑटो पार्ट्स कारोबारियों में भारी निराशा है ।
आप ट्रेड विंग के दिल्ली स्टेट कन्वीनर एवं ऑटो पार्ट्स कारोबारी बृजेश गोयल एवं ऑटोमोटिव पार्ट्स एसोसिएशन के महासचिव विष्णु भार्गव ने बताया कि हम लगातार पिछले 5 महीने से ऑटो स्पेयर पार्ट्स को 28 प्रतिशत के लक्जरी स्लैब से बाहर निकालने की केन्द्र सरकार से गुहार लगा रहे हैं लेकिन इस सेक्टर को कोई राहत नहीं मिलने से इस सेक्टर के व्यापारी निराश हैं ।
आज के समय में कार रखना लक्जरी नहीं अपितु आम आदमी की जरूरत बन गया है ऐसे में कार एवं ऑटो पार्ट्स को लक्जरी स्लैब में रखना समझ से परे हैं , दिल्ली का कशमीरी गेट मार्केट जहां ऑटो पार्ट्स की लगभग बीस हजार दुकानें हैं वहां सबसे ज्यादा संख्या मझौले एवं छोटे कारोबारियों की है ।
बृजेश गोयल ने कहा कि वो केन्द्र सरकार से अनुरोध करते हैं कि ऑटो स्पेयर पार्ट्स पर 28% टैक्स घटाकर इसको 18% के स्लैब में लाना चाहिए , हम जल्द ही इस मुद्दे को लेकर वित्त मंत्री से भी मिलेंगे ।

Ryan Murder Case: We Erred, Didn’t Watch CCTV Footage Carefully, Admits Haryana Police

New Delhi, Nov 12: Days after CBI  apprehended Class 11 student of Ryan International School for allegedly killing seven-year-old Pradyuman Thakur, the Haryana police on Saturday admitted that omissions took place on their part during the investigation into the murder case.

If reports are to be believed, the policemen confessed that they didn’t watch the closed circuit television (CCTV) footage carefully.. The team members, however, remained silent on exactly how they made this grave error.

Slamming the cops, Khirwar sought an explanation for ‘botched-up’ investigations. He also demanded a complete inquiry report on the matter and the exact details of the police officers who analysed the CCTV footage. He further sought to know what circumstantial evidence led the team to declare conductor Ashok as the murderer.

Earlier on Wednesday, on Tuesday night in connection with the brutal killing of Pradyuman Thakur, rejecting the Gurugram police’s theory that the killing was the handiwork of school bus conductor Ashok Kumar.

The CBI had said that there was no evidence against Kumar so far. According to the agency, the Class 11 student, believed to be weak in his studies, allegedly slit Pradyuman Thakur’s throat to get the school to declare a holiday in order to defer a scheduled parent-teacher meeting and an examination.

जन्मदिन विशेष: जानिए बॉलीवुड के इस ‘गब्बर’ की जिंदगी से जुड़ी 10 अहम बाते

अमजद जक़ारिया खान इस नाम के कलाकार को तो वैसे बेहद ही कम लोग जानते होंगे. 20 साल के लंबे फिल्मी करियर में 130 से ज्यादा फिल्मों में काम करनेवाले इस कलाकार ने पर्दे पर कई किरदारों को जिया. लेकिन फिल्म शोले में इस कलाकार ने एक ऐसा किरदार निभाया जिससे बच्चा उन्हें पहचानने लगा. जी हां, हम बात कर रहे हैं मशहूर कलाकार अमजद खान की जिसे दुनिया गब्बर सिंह के नाम से भी जानती हैं. बेहद ही कम उम्र में इस महान अभिनेता ने दुनिया अलविदा कह दिया लेकिन अगर वो जिंदा होते तो आज अपना 77वां बर्थडे मना रहे होते.

आज उनके इस जन्मदिन के मौके पर जानते है उनसे जुड़ी कुछ रोचक बातें.

1: अमजद खान को पूरा नाम अमजद जक़ारिया खान है.

2: अमजद खान का जन्म 12 नवंबर 1940 को पाकिस्तान के पेशावर में हुआ था. जिसके बाद उनका परिवार मुंबई आ गया और उनकी पढ़ाई लिखाई यही हुई.

तस्वीर: पिंकविला
तस्वीर: पिंकविला

3: फिल्मों में आने से पहले अमज़द खान थियेटर किया करते थे.

4: बॉलीवुड में उनकी पहली फिल्म 1951 में आई नीजनीन थी.

5: अमजद को असली पहचान 1975 में आई शोले के गब्बर के किरदार से ही मिली.

6: गब्बर का किरदार पहले डैनी और शत्रुघ्न सिन्हा को ऑफर हुआ था लेकिन उन्होंने मना कर दिया था. जिसके बाद अमजद खान गब्बर बने.

7: अमजद खान ने एक्टिंग के अलावा डायरेक्शन के फिल्ड में भी हाथ अजमाया. उन्होंने चोर पुलिस और अमीर आदमी- गरीब आदमी फिल्मों का निर्देशन भी किया है.

तस्वीर: यूट्यूब
तस्वीर: यूट्यूब

8: साल 1978 में अमजद खान द ग्रेट गैंबलर की शूटिंग के लिए जा रहे थे तभी मुंबई गोवा हाईवे पर उनका भयानक कार ऐक्सिडेंट हो गया.

9: इस एक्सीडेंट में उनकी कई हड्डियां टूट गई और फेफड़े को भी काफी क्षति हुई. हालात ये थी कि वो कोमा में चले गए. लेकिन जल्दी ही उनकी सेहत में सुधार हुआ. उन्होंने फिर से फिल्मी दुनिया में वापसी की. दवाओं का उनकी सेहत पर ऐसा बुरा असर हुआ कि उनका वजन कई गुना बढ़ गया.

10:  51 साल की कम उम्र में अमजद खान को दिल का दौरा पड़ा और 27 जुलाई 1992 को हम सबको अलविदा कह गए.